KAILASA Library/Sarvajnapeetha - Hinduism का थिंक टैंक/त्रिनेत्र जागरण के शक्तिशाली प्रभावSign in
Sarvajnapeetha - Hinduism का थिंक टैंक

त्रिनेत्र जागरण के शक्तिशाली प्रभाव

बाह्य नेत्रों के स त्रों हायता के बिना पढ़ना

त्रिनेत्र जागरण की सबसे प्रत्यक्ष अभिव्यक्ति, नेत्रों का प्रयोग त्रों किये बिना, आज्ञा चक्र की सहायता से पढ़ने की योग्यता है। विश्वभर में ऐसे हजारो सफल प्र ं दर्शन हुए हैं जिनसे पता चलता है कि पढ़ने, चित्रकला बनाने, रंग, आकार और वस्तुएं पहचानने आदि कार्यों को दोनो नेत्र बं ं द करके कर पाना सं भव है।

ये प्रदर्शन हमारी इस समझ में क्रांतिकारी बदलाव लाते हैं कि दोनो नेत्र ही हमारे शरीर में एकमात्र दृश्य संवेदी अंग हैं। यह प्रदर्शन तृतीय नेत्र से पढ़ने और शारीरिक नेत्रों से प त्रों ढ़ना, इन दोनो की सं ं ज्ञानात्मक प्रक्रियाओंमें भिन्नता के बारे में भी कई सवाल खड़े करते हैं।

नेत्र बंद करके पढ़ने के दौरान क्या होता है? साधारण पठन (भौतिक नेत्रों सेपढ़ना) एक त्रि- चरण प्रक्रिया है:

  • भौतिक नेत्र लिखेहुए शब्दों को देखतेहैं
  • शब्दों की सुचना दृश्य तंत्रिका केमाध्यम सेमस्तिष्क को भेजी जाती है
  • मस्तिष्क शब्द को समझता और बोध कराता है

त्रिनेत्र से पठन (भौतिक नेत्रों को बंद करके) के दौरान केवल दो चरण होते हैं:

  1. त्रिनेत्र शब्द को समझता और उनका बोध करता है
  2. यह बोध सीधे मस्तिष्क को भेजा जाता है

अतः मस्तिष्क, अंतर्ज्ञान से, बिना भौतिक नेत्रों की स त्रों हायता के , सीधे शब्दों को शब्दों देखता और पढ़ता है।

कैपिटल हिल, वॉशिं गटन डीसी में व्यापार रक्षा शिखर सम्मेलन में जो त्रिनेत्र जागरण पर एक सक्षिप्त सूचना सत्र के जैसे शुरू हुआ था, वह 3 घं टे तक चला। एक अद्भुत प्रदर्शन में एक 9 साल की बच्ची ने सफलतापूर्वक मनुष्य में त्रिनेत्र के अस्तित्व का प्रमाण दिया, स्वयं अपने त्रिनेत्र से एक किताब पढ़ कर, वह भी अपनी आंखो पर पट् ं टी बाँधकर!

चकित दर्शको, ं डॉक्टरो, सर ं ्जन, मेडिकल शोधकर्ताओ, बैंकरो ं , उं द्योग जगत और सरकार के अधिकारियो के स ं मक्ष इस लड़की ने अच्छी गति से पुस्तको, ं समाचार पत्र, और अन्य पाठन सामग्री के पूरे अनुच्छेदो को प ं ढ़कर सुनाया। सभी पठनो की विश्वसनीयता ए ं वं प्रमाणिकता सुनिश्चित करने के लिए दो पट्टियाँ और आंख के पैड का उपयोग किया गया था।

विधान सभा सदस्य हैरी सिद्धू के निवास अनाहिम, कै लिफोर्निया, यू.एस.ए.में एक विशेष एवं व्यक्तिगत कार्यक्रम में लगभग १०० लोगो की उपस् ं थिति में त्रिनेत्र का प्रदर्शन किया गया। हिन्दू राजदूत, अरुण के. सिहं के साथ यू.एस. कांग्रेस के सीनेटर एडवर्ड रानडाल 'एड' रोयसी एवं उनकी पत्नी एवं स्टे सीनेटर बॉब हफ, कांग्रेसी मिमी वाल्टर एवं एन.आर.आई. व्यापारी, डाक्टर एवं समुदाय के नेता उपस्थित थे।

कांग्रेसी एड रोयस ने बंद नेत्रों से प त्रों ढ़ने को समझने के लिए स्वयं भाग लिया। बहुत से लोग कौतुहल से भर गए और त्रिनेत्र जागरण के लिए और भी जानकारी ली।